लखनऊ: गोमती नगर में एप्‍पल के एरिया मैनेजर को कॉन्‍स्‍टेबल ने मारी गोली, पढ़े पूरी खबर

उत्तर प्रदेश/लखनऊ: यूपी पुलिस के एक कांस्टेबल ने राजधानी लखनऊ में शुक्रवार देर रात करीब 2 बजे एपल के एरिया मैनेजर को गोली मारकर हत्या कर दी। वही इस मामले पर पुलिस का कहना है कि चेकिंग दौरान काले रंग की महिंद्रा एक्सयूवी 500 को गोमतीनगर में रोकने का इशारा किया गया। कार सवार ने गाड़ी की स्पीड तेज कर दी, जिससे पुलिस की बाइक अपाची पर सवार दो कॉन्टेबल को चोट लग गई। जिसके बाद कांस्टेबल ने एक्सयूवी पर सामने से गोली चला दी जिसमे एप्‍पल के एरिया मैनेजर विवेक तिवारी की मौत हो गयी।

जानकारी के अनुसार, यह घटना सीएमएस गोमतीनगर विस्तार के पास शुक्रवार देर रात करीब 2 बजे की है। महिंद्रा एक्सयूवी में विवेक तिवारी के साथ सना नामक युवती भी थी। जो एप्पल में कार्यरत है। कोहराम के अनुसार पुलिस का कहना है कि चेकिंग दौरान काले रंग की महिंद्रा एक्सयूवी कार को रोकने का इशारा हुआ। लेकिन गाड़ी की स्पीड तेज़ हो गयी। जिससे बाइक पर सवार दो कॉन्टेबल को चोट लग गई। जिसमे से एक प्रशांत चौधरी नामक कॉन्टेबल ने SUV पर गोली चला दी जिससे की विवेक तिवारी की मौत हो गयी।

इस मामले पर लखनऊ के एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि, आरोपी कॉन्स्टेबल प्रशांत चौधरी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसने पूछताछ हो रही है। और गोमतीनगर थाने कॉन्टेबल प्रशांत चौधरी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है। हालाँकि इस मामले में शिकायतकर्ता सना खान ने बताया है कि कल देर रात अपने कलीग विवेक तिवारी के साथ घर जा रही थीं। सीएमएस गोमतीनगर विस्तार के पास उनकी गाड़ी महिंद्रा एक्सयूवी खड़ी थी। तभी सामने से आये दो पुलिसवाले से बचकर हम लोगो ने निकलने की कोशिश की,

हालाँकि इस मामले में आरोपी कॉन्स्टेबल प्रशांत चौधरी ने न्यूज़ एजेंसी ANI को बताया की, शुक्रवार देर रात करीब 2 बजे एक संदिग्ध कार लाइट्स बंद करके खड़ी है। तो चालक (विवेक तिवारी) ने मुझे मारने के लिए तीन बार कोशिश की, फिर मैंने सेल्फ-डिफेंस में गोली चला दी।

इस घटना में मारे गए विवेक तिवारी की पत्नी कल्पना तिवारी अंतिम संस्कार में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आने की माँग कर रही है। कल्पना तिवारी ने बताया की मै अपने पति को रात 2 बजे से लगातार फोन कर रही थी, लेकिन कोई कॉल नहीं उठी। फिर जाके राम मनोहर लोहिया हॉस्पिटल के कर्मचारी ने करीब 3 बजे फ़ोन उठाया और कहा कि आपके पति और उनके साथ वाली लड़की को हल्की चोटें लगी हैं। कल्पना ने कहा की जब मै लोहिया हॉस्पिटल पहुंची तो पता चला की विवेक की मौत हो चुकी है। और गाड़ी पर आगे से गोली मारी गयी है।

कल्पना तिवारी इस घटना पर सवालिए निशान खड़ा करते हुये कहा की यदि विवेक लड़की के साथ संदिग्ध हालत में थे तो आप उन पर कार्रवाई करते। गोली मारने की क्या जरुरत थी। वो गाड़ी अगर नहीं रोक रहे थे तो गाड़ी का नंबर नोट करके आरटीओ ऑफिस में जाकर घर का पता लगाकर घर से गिरफ्तार करके ले जाते। कल्पना ने कहा की इस मामले में बड़े अधिकारी सिर्फ लीपापोती कर रहे है। मै चाहती हूँ की मुख्यमंत्री यहाँ आये और हमसे बात करें और मुझे बताएं कि मेरे पति कौन से आतंकवादी थे जो पुलिस ने उन पर गोली चलायी। तभी जाकर कही अंतिम संस्कार किया जायेगा।

Check Also

खेल-खेल में ऐसा क्या हुआ की डेढ़ साल के बच्चे को फ्लैट से निकालने के लिए बुलानी पड़ी फायर ब्रिगेड

गुजरात के सूरत शहर के पूणा गांव में उस वक़्त हडकंप मच गया, जब डेढ़ …